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700किमी साइकिल चलाकर सैफई पहुंचा वन मित्र, पूर्व सीएम से मिला

10 अक्टूबर को स्व० नेता जी के समाधि स्थल के समीप करेगा वृक्षारोपण,

Admin

कुशीनगर (उ०प्र०)



एक छोटी सी दरिया जब पहाड़ों से टकराएगी,

हौसला है उसका पत्थर चीरकर निकल जाएगी,

दृढ़ संकल्प कर मुश्किलें चुटकी में टल जाएगी,

असफलता से हार ना मानो,

तू कोशिश तो कर मेहनत तेरी जरूर रंग लाएगी,

धीरज कुमार - की ये चंद पंक्तिया वन मित्र जितेन्द्र यादव पर चरितार्थ साबित हो रही है। क्योकि अपने चहेते नेता के समाधि स्थल के समीप वृक्षारोपण करने की सोच लेकर घर से अपने एक दोस्त के साथ पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुवे साइकिल यात्रा पर निकले वन मित्र ने 15 दिनों में लगभग 700किमी साइकिल चलाकर आखिरकार सैफई पहुंच गया। जहा पर उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव से मिलकर अपनी यात्रा का उद्देश्य बताकर वृक्षारोपण करने की इच्छा जताई। उन्होंने उनके इस नेक कार्यो की सराहना करते हुवे अपने निवास स्थान पर ही ठहरने तथा निर्धारित तिथि पर उन्हें वृक्षारोपण करने की स्वीकृति दे दिया। फिलहाल में वन मित्र पूर्व मुख्यमंत्री के निवास स्थान पर ही ठहरे हुवे है।



विदित हो कि कुशीनगर जिले के बभनौली गांव निवासी 50 वर्षीय जितेंद्र यादव जिनको इलाके के लोग वृक्ष मित्र के नाम से भी जानते हैं, वो स्व० मुलायम सिंह यादव के प्रथम पुण्यतिथि पर अनोखे रूप में श्रद्धांजलि देने के लिए 21सुतम्बर को साइकिल यात्रा से निकले है। इनकी इस साईकिल यात्रा का मुख्य उद्देश्य लोगों को पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ पेड़ लगाने और उसको संरक्षित करने का संदेश देना है। पेशे से मजदूर जितेंद्र अपनी पुरानी साइकिल पर अपने एक साथी धर्मू गोंड के साथ हरा रंग का टी-शर्ट और ऊपर तिरंगा लगाएं दो साइड में तीन पौधे को रखकर जा रहे हैं।



10 अक्टुबर को स्व० मुलायम सिंह की पहली पुण्यतिथि है। उनके समाधि स्थल के इर्द गिर्द वृक्षारोपण करने के उद्देश्य से निकले वृक्ष मित्र अपनी नर्सरी से 7 फिट की ऊँचाई तक के तीन पौधे भी अपने साथ ले गए है। जिसमे बरगद, पाकड़ और पीपल का पेड़ है। जिसको उन्होंने अपने साईकिल में बांधकर यात्रा पर निकल पड़े है।

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